बिहार के 41वें राज्यपाल बने राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर, शपथ समारोह में नीतीश-तेजस्वी हुए शामिल


PATNA : बिहार के नवनियुक्त राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने शुक्रवार को पद की शपथ ली। बिहार के 41वें राज्यपाल के रूप में शपथ ली है। राजभवन में आयोजित एक सादे समारोह में पटना उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश ने अर्लेकर को बिहार के राज्यपाल पद की शपथ दिलाई। इस मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी सहित कई अन्य नेता और अधिकारी मौजूद रहे।
इससे पहले शुक्रवार को पटना पहुंचने पर जयप्रकाश नारायण अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर अर्लेकर का भव्य स्वागत किया गया। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव सहित मंत्रिमंडल के अन्य सदस्यों ने उनका स्वागत किया। स्टेट हैंगर में बिहार के नवनियुक्त राज्यपाल राजेन्द्र विश्वनाथ अर्लेकर को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। वही गार्ड ऑफ ऑनर के पहले अर्लेकर की अगवानी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने की तथा फूलों का गुलदस्ता भेंट कर उनका अभिनंदन किया। अर्लेकर इससे पहले हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल थे। बाल्य अवस्था से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े अर्लेकर अलग-अलग दायित्वों पर रहे और उसका सफलता पूर्वक निर्वहन किया। गोवा में ये विधायक और मंत्री का दायित्व निभा चुके हैं ।
राजेन्द्र विश्वनाथ आर्लेकर बिहार के 41वें राज्यपाल बने हैं।इससे पहले फागु चौहान बिहार के राज्यपाल थे। फागु चौहान को मेघालय का राज्यपाल बनाया गया है. राजेन्द्र विश्वनाथ आर्लेकर आरएसएस पृष्ठभूमि के हैं। बचपन से ही वह आरएसएस के हार्डकोर वर्कर रहे। उन्होंने गोवा में बीजेपी को मजबूत करने में बड़ी भूमिका निभाई है। वह 1989 में बीजेपी में शामिल हुए. 2002 में वह पहली बार विधायक बने, 2012 से 2015 तक गोवा विधानसभा के स्पीकर रहे. इसके बाद वह 2015 से 2017 तक राज्य के पर्यावरण मंत्री के रूप में भी काम किया। इसके बाद उन्हें हिमाचल प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया था। वे अनुसूचित जाति और जनजाति के विकास और कल्याण कार्यक्रम से भी जुड़े रहे।



