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कला को मंच देने की पहल, ‘ख़्वाबों की दुनिया’ ओपन माइक में प्रतिभाओं ने बिखेरा हुनर।

पटना। कला को पहचान दिलाने और नए कलाकारों को बिना आर्थिक दबाव के अपनी प्रतिभा प्रस्तुत करने का अवसर देने के उद्देश्य से ‘ख़्वाबों की दुनिया’ की ओर से ओपन माइक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कविता, गायन और कॉमेडी सहित विभिन्न विधाओं के कलाकारों ने हिस्सा लिया और अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों का मनोरंजन किया।

इस पहल के पीछे आयोजक शुभम की एक व्यक्तिगत सोच रही है। शुभम ने बताया कि वर्ष 2024 में उन्होंने पहली बार एक ओपन माइक में हिस्सा लिया था, जहां उन्हें काफी अधिक फीस देनी पड़ी। तभी उनके मन में विचार आया कि यदि यह फीस उनके लिए अधिक है तो कई अन्य कलाकारों के लिए भी यह एक बड़ी बाधा हो सकती है। इसी सोच के साथ उन्होंने ऐसा मंच तैयार करने का निर्णय लिया, जहां पैसों से अधिक कला और प्रतिभा को महत्व दिया जाए।

शुभम ने बताया कि कुछ ओपन माइक आयोजनों को करीब से देखने और समझने के बाद उन्होंने अपना ओपन माइक शुरू किया। यह पहल केवल दूसरे कलाकारों को मंच देने तक सीमित नहीं थी, बल्कि उनके अपने सपने से भी जुड़ी थी। वह एक बेहतर एंकर और होस्ट बनना चाहते हैं वऔर इसके लिए उन्हें लगातार सीखने तथा अभ्यास करने वाले मंच की जरूरत थी। इसी उद्देश्य से शुरू हुआ छोटा-सा प्रयास धीरे-धीरे कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देने वाली पहल में बदल गया।

शुभम लगातार कलाकारों को अवसर देने के साथ-साथ उनका हौसला अफजाई भी कर रहे हैं । 27 सितंबर को पटना में हुए ख्वाबों की दुनिया ओपन माइक कार्यक्रम में कविता वर्ग में प्रथम स्थान प्रियंशी, द्वितीय स्थान जय प्रकाश और तृतीय स्थान पूजा भारद्वाज ने प्राप्त किया। वहीं गायन वर्ग में ईश्वर प्रथम, हर्ष राज द्वितीय और स्काई तृतीय स्थान पर रहे। कॉमेडी वर्ग में नेहा ने प्रथम, नितिन ने द्वितीय और अभिषेक ने तृतीय स्थान हासिल किया।

कार्यक्रम के आयोजकों ने सभी विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि पुरस्कार जीतना ही सफलता का एकमात्र पैमाना नहीं है। मंच पर पहुंचकर अपनी कला को आत्मविश्वास के साथ प्रस्तुत करने वाला प्रत्येक कलाकार प्रशंसा का हकदार है। कार्यक्रम में शामिल सभी प्रतिभागियों को अपनी कला को लगातार निखारने, सीखते रहने और आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
‘ख़्वाबों की दुनिया’ के माध्यम से आयोजकों का उद्देश्य कलाकारों को ऐसा मंच उपलब्ध कराना है, जहां वे अपनी प्रतिभा को दर्शकों के सामने रख सकें, अनुभव हासिल कर सकें और अपने आत्मविश्वास को मजबूत कर सकें। आयोजकों ने कहा कि कलाकारों की यात्रा अभी शुरू हुई है और निरंतर प्रयास से वे अपने सपनों को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकते हैं।

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